हृदय गति रुकने से यमनोत्री धाम की यात्रा पर आए दो श्रद्धालुओं की हुई मौत, चारधाम यात्रा में अब तक 17 की गई जान

char dham yatra

चारधाम यात्रा अपने चरम पर है। लेकिन मौसम की बेरूखी तीर्थयात्रियों की दुश्वारियां बढ़ा रहा है। यमनोत्री धाम की यात्रा पर आए दो तीर्थयात्रियों की हृदय गति रुकने के कारण मौत हो गई है। इसके साथ ही केदारनाथ मार्ग पर पत्थर गिरने के कारण एक तीर्थयात्री घायल हो गया है।

यमनोत्री धाम की यात्रा पर आए दो श्रद्धालुओं की मौत

चारधाम यात्रा में मौत का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है। मौसम के खराब होने के कारण भी तीर्थयात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। शुक्रवार को यमनोत्री धाम की यात्रा पर आए दो तीर्थयात्रियों की मौत हो गई।

महाराष्ट्र और कनार्टक के यात्रियों की हुई मौत

महाराष्ट्र के निवासी संग्राम वीराभद्रा पोंगले पुत्र वीराभद्रा पोंगले की यमुनोत्री दर्शन के लिए जाते समय पालीगाड़ के पास हृदय गति रुकने से मौत हो गई। ग्राम वीराभद्रा पोंगले की उम्र 63 साल थी।

इसके साथ ही कर्नाटक के 72 साल के कान्तराज अरस पुत्र कृष्ण राज अरस की देर रात जानकीचट्टी में मौत हो गई। कान्तराज अरस मौत भी हृदय गति रुकने के कारण ही हुई है।

अब तक 17 यात्रियों की गई जान

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अब तक चारधाम यात्रा में अब तक 17 तीर्थयात्रियों की मौत हो चुकी है। इन सभी की मौत हृदय गति रुकने के कारण हुई है।

यमनोत्री धाम में 11 तीर्थयात्रियों की हृदय गति रुकने से मौत हो चुकी है। जबकि गंगोत्री यात्रा पर आए छह तीर्थयात्रियों की मौत हो चुकी है। इन सभी की मौत भी हृदय गति रुकने के कारण ही हुई है।