Rajasthan: जयपुर में ‘अग्निपथ योजना’ के खिलाफ सड़कों पर विरोध प्रदर्शन, युवाओं ने कहा- अंधकार में चला जाएगा भविष्य

Army Recruitment

केंद्र सरकार ने मंगलवार को भारतीय सेना (Indian Army) में नए सैनिकों की भर्ती के लिए बड़े बदलाव का ऐलान किया. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तीनों सेना के प्रमुखों की मौजूदगी में टूर ऑफ ड्यूटी सिस्टम की औपचारिक रूप से घोषणा करते हुए ‘अग्निपथ योजना’ (Agnipath Scheme) लांच की. सरकार इस योजना के जरिए अब भारतीय सेना में 4 साल की नौकरी के लिए भर्ती निकालेगी. केंद्र सरकार की सेना में 4 साल की भर्ती योजना पर फिलहाल मिलीजुली प्रतिक्रियाएं सामने आ रही है. वहीं देश सेवा के लिए सबसे ज़्यादा सैनिक देने वाले राजस्थान में केंद्र सरकार की इस योजना का विरोध (youth protest) शुरू हो गया है. सेना भर्ती के लिए सालों से तैयारी कर रहे युवाओं को इस योजना से निराशा हाथ लगी है और फ़ैसले के खिलाफ़ वह अपना रोष जता रहे हैं.

बता दें कि सरकार की अग्निपथ योजना के घोषणा करने के अगले दिन ही इसके विरोध में जयपुर में विरोध प्रदर्शन देखा गया. जयपुर के कालवाड़ रोड़ इलाके में बड़ी संख्या में युवा सड़कों पर उतरे और योजना वापस लेने के लिए नारेबाजी की.

अग्निपथ के खिलाफ सड़कों पर नारेबाजी

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक जयपुर के करधनी रोड़ पर सैकड़ों युवा सड़कों पर उतरे और क़रीब एक घंटे तक रास्ता जाम कर दिया जिसके बाद वहां वाहनों की लंबी कतार लग लग गई. युवाओं की भीड़ देखते हुए मौके पर करधनी थाना पुलिस ने पहुंचकर समझाइश कर रास्ता खुलवाया.

करधनी पुलिस थाना अध्यक्ष बनवारी लाल मीणा ने जानकारी देते हुए कहा कि सेना भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं ने सड़क जाम कर दी थी जिसके बाद उन्हें समझाया गया. बता दें कि इस मामले में पुलिस ने कोई गिरफ्तारी नहीं की है.

बता दें कि सरकार की योजना के बाद सेना भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं ने नाराजगी जाहिर की है. युवाओं का कहना है कि केंद्र सरकार को अग्निपथ योजना को वापस लेना चाहिए, इससे देश सेवा का जज़्बा रखने वाले युवाओं का भविष्य अंधकार में चला जाएगा.

सांसद ने भी उठाए सवाल

वहीं इधर मंगलवार को राजस्थान के नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने भी सेना की अग्निपथ योजना का विरोध किया है. बेनीवाल ने रक्षामंत्री राजनाथ सिंह को पत्र लिखकर अपना विरोध जताया. बेनीवाल ने कहा कि संविदा पर सैनिक भर्ती का कोई भी प्रयास देश, जनमानस और सेना के हित में नहीं है, मात्र 4 सालों तक युवाओं को सेना में रखना युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ है.

सांसद ने आगे कहा कि केंद्र सरकार ने भारतीय सेना के संदर्भ में अग्निपथ योजना की बात कही है, लेकिन रक्षामंत्री राजनाथ सिंह का ध्यान आकर्षित करते हुए बताना चाहता हूं कि संविदा पर सैनिक भर्ती का कोई भी प्रयास देश, जनमानस एवं भारतीय सेना के हित में नहीं है, मेरा केंद्र सरकार से आग्रह कि ऐसे निर्णय पर पुनर्विचार करें.

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