Maharashtra Political Crisis: चाचा-भतीजे की अपनी डफली अपना राग, शरद पवार ने कहा- BJP शिंदे गुट के साथ, अजित पवार बोले ‘नहीं ऐसी बात’

Sharad Pawar News

एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) का साथ दे रहे बागी विधायक गुटों के साथ कौन, यह बताने की जरूरत नहीं. नाम भी लेने की जरूरत नहीं. यह सबको पता है. गुजरात में जो लोग उनका खयाल रख रहे थे, उनको मैं पहचानता हूं. जहां तक बात बहुमत ना होने की है तो यह विधानसभा में साबित होगा कि बहुमत किसके पास है. यह बयान एनसीपी चीफ शरद पवार (Sharad Pawar NCP) ने दिया है. शरद पवार का यह बयान और उप मुख्य मंत्री अजित पवार का यह बयान कुछ ही मिनटों के अंतर में आया है, जिसमें अजित पवार (Ajit Pawar NCP) कहते हैं कि इस पूरे घटनाक्रम में बीजेपी के हाथ होने के कोई सबूत नहीं हैं.

जब शरद पवार का ध्यान इस ओर दिलाया गया कि अजित पवार को बता रहे हैं कि बीजेपी के किसी बड़े नेता का हाथ होने का कोई सबूत नहीं है तो शरद पवार ने कहा कि अजित पवार महाराष्ट्र के बारे में अपनी जानकारियों के आधार पर बोल रहे हैं. मुझे गुजरात और आसाम की जानकारी है. शरद पवार गुरुवार को अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह बोल रहे थे.

एकनाथ शिंदे की बगावत के पीछे बीजेपी, पवार ने इसकी मिसाल दी

शरद पवार ने एक मिसाल देकर यह साबित किया कि अजित पवार की जानकारी देश, गुजरात और आसाम को लेकर कच्ची है. शरद पवार ने कहा, ‘एकनाथ शिंदे का एक संबोधन मैने सुना है. उसमें एकनाथ शिंदे साफ यह कह रहे हैं कि उन्हें एक नेशनल पार्टी का सपोर्ट मिल रहा है. देश की नेशनल पार्टियों में भाजपा, बसपा, सीपीआई, सीपीएम, कांग्रेस, एनसीपी का नाम आता है. अब आप ही बताएं सीपीआई, सीपीएम, कांग्रेस और एनसीपी का इस बगावत के पीछे कोई हाथ है क्या?’

इसके बाद शरद पवार ने कहा कि सूरत और आसाम में जो लोग बागी विधायकों का खयाल रख रहे हैं वे अजित पवार की पहचान के नहीं हैं, लेकिन मेरी पहचान के हैं. सूरत में बीजेपी के गुजरात प्रदेश अध्यक्ष चंद्रकांत पाटील थे. उन्होंने इनका खयाल रखने को कहा गया है तो इसका मतलब क्या है? आसाम में भी राज्य सरकार बागी विधायकों की सुरक्षा और सुविधा का ध्यान रख रही है. इससे साफ हो जाता है कि बागी विधायकों के पीछे कौन है? कुछ और कहने की भी जरूरत नहीं हैं. उनका नाम लेने की भी जरूरत नहीं है.

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