IPL 2022: 9 छक्कों की मदद से ठोके 162 रन, मां को पता तक नहीं कि बेटा खेल रहा है आईपीएल!

Jitesh Sharma

IPL 2022 में पंजाब किंग्स का प्रदर्शन मिला-जुला रहा है लेकिन इस सीजन में उसे एक ऐसा खिलाड़ी हासिल हुआ है जो कि लंबी रेस का घोड़ा है. ये खिलाड़ी मुश्किल वक्त में रन बनाने की काबिलियत रखता है. बतौर मैच फिनिशर उसने खुद को साबित किया है. बात हो रही है दाएं हाथ के बल्लेबाज और विकेटकीपर जितेश शर्मा (Jitesh Sharma) की जो पहली बार आईपीएल के मंच पर अपना टैलेंट दिखा रहे हैं. पंजाब ने जितेश को महज 20 लाख रुपये में खरीदा था लेकिन उन्होंने अपने प्रदर्शन से खुद को बेश्कीमती साबित किया है. जितेश इस वक्त आईपीएल में अपना नाम बना चुके हैं लेकिन क्या आप जानते हैं कि उनकी मां को ये तक नहीं पता कि उनका बेटा आईपीएल जैसे बड़े टूर्नामेंट में खेल रहा है. जितेश शर्मा ने एक इंटरव्यू में ये खुलासा किया.

जितेश शर्मा ने क्रिकइंफो को इंटरव्यू में बताया कि उन्होंने आर्मी में जाने के लिए क्रिकेट खेलना शुरू किया था. उनके पिता ने कभी क्रिकेट खेलने पर सवाल खड़े नहीं किए. उनकी मां को तो ये भी नहीं पता कि बेटा आईपीएल खेल रहा है. जितेश बोले, ‘मैंने सेना में जाने के लिए क्रिकेट खेलना शुरू किया था. महाराष्ट्र में आर्मी टेस्ट में 4 पर्सेंट मार्क्स का ग्रेस मिलता है अगर आप राज्य स्तर का क्रिकेट खेलते हैं. मैंने अपनी स्कूल की टीम भी इसीलिए जॉइन की थी. मैंने ट्रायल दिया और परिवार ने कभी इस फैसले पर सवाल नहीं उठाया. मेरी मां को ये भी नहीं पता कि मैं आईपीएल जैसे मंच पर खेल रहा हूं. मेरे बचपन के साथी जो क्रिकेट खेलते थे उन्होंने अब ये छोड़ दिया है वो सामान्य नौकरी कर रहे हैं.’

18 छक्कों ने दिलाई पहचान!

जितेश शर्मा ने बताया कि वो कॉर्पोरेट और विजय हजारे ट्रॉफी में अच्छा प्रदर्शन कर रहे थे लेकिन 2021 सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में उन्हें पहचान मिली. दाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने मिडिल ऑर्डर में उतरकर 18 छक्के लगाए. जितेश का स्ट्राइक रेट 235 का रहा जिसके बाद उनपर पंजाब की नजर पड़ी.

बड़े स्कोर से ज्यादा मैच जिताना है लक्ष्य-जितेश

जितेश शर्मा ने बताया कि उनके लिए बड़ी पारी से ज्यादा कम स्कोर बनाकर मैच जिताना अहम है. जितेश बोले, ‘मैं मैच में फर्क पैदा करना ज्यादा पसंद करता हूं. अगर मैं 20 रन बनाकर मैच जिताता हूं तो मेरे लिए ज्यादा खुशी की बात है ना कि 60 रन बनाकर टीम को कुछ ना मिले. मुझे मैच फिनिश करना बेहद पसंद है क्योंकि ये काबिलियत ज्यादा लोगों में नहीं होती.’

रायडू के कायल हैं जितेश

जितेश शर्मा ने बताया कि उनका कोई निजी कोच नहीं है. लेकिन वो हमेशा अंबाती रायडू के कायल रहे हैं. जितेश को रायडू की बल्लेबाजी पसंद है क्योंकि उनके खेलने का अंदाज बेहद सरल है. जितेश ने बताया, ‘रायडू जब एक साल के लिए विदर्भ खेलने आए थे तो उन्होंने मुझे बहुत कुछ सिखाया. उन्होंने मेरी तकनीक बदली. वो जिस तरह से खेल को देखते हैं वो कमाल है. मैंने उन्हीं से ये सबकुछ सीखा है.’

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