हार्ट अटैक के बाद भी पहले जैसा एक्टिव हो सकता है इंसान का दिल! चूहों पर सफल हुआ ट्रायल, दावा- इंसानों पर भी काम करेगा

Heart Attack

हाल के वर्षों में हार्ट अटैक (Heart Attack) के मामले बढ़े हैं. इसके कारण कई हो सकते हैं. खासकर कोरोना महामारी के दौर (Corona Era) में आपने देखा-सुना-पढ़ा होगा कि कई लोगों की जान जाने के पीछे हार्ट अटैक बड़ा कारण रहा है. ऐसा नहीं है कि पहली बार हार्ट अटैक आने से ही किसी की मौत हो जाए, लेकिन बाद के हार्ट अटैक में मौत (Death) होने की संभावना रहती है. हार्ट अटैक के बाद कोशिकाएं डेड हो जाती हैं. लेकिन क्या ये कोशिकाएं फिर से ठीक हो सकती हैं. इसी को लेकर अमेरिका की कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी में एक रिसर्च हुई है, जिसमें बड़े काम की जानकारी सामने आई है. दावा किया गया है कि हार्ट अटैक से डेड हुई कोशिकाएं फिर से एक्टिव हो सकती हैं.

शोधकर्ताओं का दावा है कि हार्ट अटैक के बाद भी इंसान का दिल पहले की तरह स्वस्थ हो सकता है. यूनिवसिर्टी ऑफ कैलिफोर्निया ने हाल ही में एक रिसर्च किया है, जिसमें यह दावा किया गया है. शोध में यह बात सामने आई है कि हार्ट अटैक से डेड होने वाले सेल्स यानी कोशिकाओं को हॉर्मोन के जरिए दोबारा जीवित किया जा सकता है. शोधकर्ताओं के मुताबिक, खास बात ये है कि यह प्रक्रिया बिल्कुल नेचुरल होगी.

चूहों पर ट्रायल सफल, इंसानों पर बाकी

शोधकर्ताओं का कहना है कि डेड सेल्स को फिर से पहले की तरह एक्टिव किया जा सकता है, जो नेचुरल होंगी. यह जीन थैरेपी प्रक्रियाओं के मामले में भी काफी फायदेमंद साबित होगी. रिपोर्ट्स के मुताबिक, अभी यह ट्रायल चूहों पर किया गया है और दावा किया जा रहा है कि इंसानों के मामले में भी यह काम करेगा. हालांकि अभी इसका इंसानों पर परीक्षण किया जाना बाकी है. अगर मनुष्यों पर ट्रायल सफल रहा तो दिल का दौरा झेलने वाले लोगों को बचाना संभव होगा. हार्ट अटैक वाले लोग भी लंबा जीवन जी सकेंगे.

स्टोरी अपडेट हो रही है.

Similar Posts