बागुईआटी डबल मर्डर में शामिल कार का ड्राइवर गिरफ्तार, CID ने दिल्ली से दबोचा

उत्तर 24 परगना जिले के बागुईआटी में अपहरण कर दो छात्रों की हत्या के मामले में सीआईडी ने दिल्ली से एक और आरोपी को दबोच लिया है. आरोपी कार का ड्राइवर है, जिससे मृतकों का अपहरण किया गया था.

फोटोः कोलकाता में अपहरण कर दो छात्रों की हत्या.

Image Credit source: Tv 9 Bharatvarsh

पश्चिम बंगालकी राजधानी कोलकाता के पास बागुईआटी में दो छात्रों के अपहरण और हत्या के मामले में एक आरोपी को और गिरफ्तार किया गया है. सीआईडी ने कन्हैया कुमार नाम के युवक को दिल्ली से गिरफ्तार किया है. ट्रांजिट रिमांड पर कोलकाता लाए जाने के बाद ही उसे कोर्ट में पेश किया जाएगा. सूत्रों के मुताबिक गिरफ्तार कन्हैया कार का ड्राइवर था. इससे पहले घटना के मुख्य आरोपी सत्येंद्र चौधरी को गिरफ्तार किया गया था. उसे हावड़ा स्टेशन से नाटकीय रूप से गिरफ्तार किया गया था. उसके बाद कन्हैया कुमार की तलाश की जा रही थी.

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सत्येंद्र दूसरे राज्य में भागने की योजना बना रहा था. ट्रेन से जाने के लिए हावड़ा स्टेशन परिसर गया था. वह स्टेशन पर ट्रेन का टिकट खरीद रहा था. टिकट खरीदने से पहले सत्येंद्र ने अपने एक रिश्तेदार से ऑनलाइन ट्रांजैक्शन किया था. बिधाननगर पुलिस को उस ऑनलाइन लेनदेन के स्रोत के आधार पर सत्येंद्र का ठिकाना मिला. उसके बाद सफेद कपड़े वाली पुलिस की टीम ने उसे पकड़ लिया था.

फिरौती नहीं देने पर दो छात्रों की हुई थी हत्या

बता दें कि बागुईआटी हिंदू विद्यापीठ के 10वीं कक्षा के वे दो छात्र पिछले 22 अगस्त से लापता थे. अतनु का शव 23 अगस्त को नजत थाना क्षेत्र से बरामद किया गया था. इसके बाद 25 अगस्त को हरोआ थाने के कुल्टी ग्राम पंचायत क्षेत्र के तलाब से अभिषेक का शव बरामद हुआ था. आरोप है कि 10-12 दिन बाद भी शव मुर्दाघर में था, पुलिस पता नहीं लगा पाई. छह सितंबर मंगलवार को जब इस घटना की जानकारी हुई तो कोहराम मच गया था. इसे लेकर पुलिस की कड़ी आलोचना हुई थी. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी पुलिस अधिकारियों की आलोचना की थी. थाना प्रभारी और बाद में विधाननगर पुलिस कमिश्नर को हटा दिया गया था.

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डबल मर्डर कांड से कोलकाता में मच गया था कोहराम

परिजन बागुईआटी थाने पहुंचे और बताया कि दोनों छात्रों का अपहरण कर लिया गया है. अतनु के पिता ने पुलिस से शिकायत की कि उन्हें कई फोन आए थे. फिरौती का मैसेज भी मिला. परिजनों का आरोप है कि लापता छात्रों की शिकायत पर पुलिस ने ध्यान नहीं दिया. इस घटना को लेकर राज्य की राजनीति सक्रिय हो गई थी. मारे गए छात्रों के घर जाने पर भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सुकांत मजूमदार को बाधाओं का सामना करना पड़ा था. सीपीएम के प्रदेश महासचिव मोहम्मद सलीम और सीपीएम की केंद्रीय समिति के सदस्य सुजान चक्रवर्ती और राज्य समिति के सदस्य सृजन भट्टाचार्य ने अभिषेक के घर का दौरा किया था. उन्हें मृतक की तस्वीर पर माल्यार्पण करने से रोका गया था. परिवार ने साफ कर दिया कि वे अपने बेटे की मौत पर राजनीति नहीं करना चाहते.

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