पाकिस्तान में इंडस्ट्री को लगा बड़ा झटका, सरकार लगाएगी सुपर टैक्स , ऐलान के बाद क्रैश हुआ शेयर बाजार

Pakistani Currency

पाकिस्तान की सरकार ने आर्थिक संकट से बचने के लिए इंडस्ट्री पर टैक्स बोझ बढ़ाने का फैसला लिया है. सरकार ने बड़ी कंपनियों और अमीरों पर सुपर टैक्स लगाने का ऐलान किया है. ये कदम पाकिस्तान (Pakistan) की इंडस्ट्री के लिए बड़ा झटका है जो पहले ही कोरोना के असर, महंगी कमोडिटी की वजह से मार्जिन पर दबाव और दुनिया भर में मंदी की आहट की वजह से दबाव में है. इसी वजह से सरकार के ऐलान के साथ ही पाकिस्तान का शेयर बाजार (stock market) क्रैश हो गया है और प्रमुख इंडेक्स में 5 प्रतिशत की गिरावट देखने को मिली है. ऐलान के बाद प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ ने कहा कि सरकार को गंभीर हालातों से निपटने के लिए कड़े फैसले लेने पड़ रहे हैं और गरीबों पर दबाव घटाने के लिए अमीरों पर टैक्स लगाया जा रहा है.

क्या है नए टैक्स नियम

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने ऐलान किया कि सरकार लार्ज स्केल कंपनियों पर 10 प्रतिशत सुपर टैक्स लगाएगी. जिन इंडस्ट्री पर टैक्स लगाया जाएगी उसमें सीमेंट, स्टील, शुगर, ऑयल एंड गैस, फर्टिलाइजर, एलएनजी टर्मिनल, टेक्सटाइल, बैंकिंग, ऑटो, सिगरेट, पेय पदार्थ और कैमिकल शामिल हैं. इन सेक्टर की बड़ी कंपनियों को पहले से कहीं ज्यादा टैक्स देना होगा . इसके साथ ही अमीरों पर भी टैक्स लगाने का ऐलान किया गया है. सरकार के मुताबिक ऐसे एचएनआई जिनकी सालाना आय 15 करोड़ रुपये से ज्यादा है उन पर 1 प्रतिशत का गरीबी उन्मूलन टैक्स लगेगा. इसके साथ ही 20 करोड़ रुपये से ज्यादा आय पर 2 प्रतिशत, 25 करोड़ रुपये से ज्यादा आय पर 3 प्रतिशत और 30 करोड़ रुपये से ज्यादा आय पर 4 प्रतिशत का टैक्स लगेगा. पाकिस्तान ये फैसले दो वजहों से ले रहा है. पहला कारण खाली हो चुके खजाने को भरना है. वहीं दूसरे कारण दुनिया भर के वित्तीय संस्थान को ये दिखना है कि वो अर्थव्यवस्था को रिकवर करने के लिए गंभीर कदम उठा रहा है. जिससे उसे जरूरी कर्ज सुविधा मिल सके.

शेयर बाजार पर भारी पड़ा फैसला

सरकार से राहत की उम्मीद कर रही इंडस्ट्री पर टैक्स लगाने का फैसला शेयर बाजार पर भारी पड़ा है. ऐलान के बाद मिनटों में ही बाजार में तेज गिरावट देखने को मिली और बेंचमार्क केएसई 100 में 2000 अंक से ज्यादा का नुकसान दर्ज हो गया. जो कि 4.8 प्रतिशत के बराबर है इसके तुरंत बाद ही बाजार में कारोबार रोक देना पड़ा. पाकिस्तान स्टॉक एक्सचेंज के नियमों के अनुसार अगर बेंचमार्क पिछले बंद स्तरों से 5 प्रतिशत ऊपर या 5 प्रतिशत नीचे होता है और इन स्तरों पर 5 मिनट बना रहता है तो कारोबार रोक दिया जाता है. डॉन ने बाजार के जानकारों के हवाले से लिखा है कि इस ऊंचे टैक्स से कंपनियों के मुनाफे पर काफी बुरा असर पड़ना तय है जिसकी वजह से बिकवाली देखने को मिली.

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