खरीफ सीजन के लिए कितना है खाद-बीज का इंतजाम? अधिकारियों ने दिया पूरा ब्यौरा

Fertilizers Availability

खरीफ सीजन में पर्याप्त खाद और बीज की उपलब्धता (Seed Availability) के लिए राजस्थान सरकार ने तैयारी शुरू कर दी है, ताकि किसानों को किसी परेशानी का सामना न करना पड़े. कृषि मंत्री लालचंद कटारिया ने राज्य के कृषि अधिकारियों को मॉनसून (Monsoon) को देखते हुए किसानों के लिए खाद एवं बीज की तुरन्त व्यवस्था कर उनका वितरण करना सुनिश्चित करने के आदेश दिए. साथ ही इनकी गुणवत्ता पर भी ध्यान रखने को कहा है. वो खरीफ वर्ष 2022 में कृषि इनपुट व्यवस्था एवं वर्ष 2022-23 की बजट घोषणाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर रहे थे. राजस्थान सरकार ने इस सीजन में 164 लाख हैक्टेयर में बुआई का लक्ष्य रखा है.

कृषि आयुक्त कानाराम ने बताया कि 164 लाख हैक्टेयर बुआई के लिए 9 लाख क्विंटल बीज की मांग है. जबकि सरकार के पास 9.62 लाख क्विंटल बीज उपलब्ध है. राज्य में 3.92 लाख मीट्रिक टन यूरिया, 1.61 लाख मीट्रिक टन डीएपी (DAP) एवं 1.65 लाख मीट्रिक टन सिंगल सुपर फॉस्फेट (एसएसपी) का स्टॉक उपलब्ध है. यही नहीं उर्वरकों की आपूर्ति निरंतर जारी है.

समय पर मिले सीड मिनी किट तभी फायदा

कृषि मंत्री ने किसानों को मिलने वाले निशुल्क बीज मिनी किट्स के तुरंत वितरण के निर्देश देते हुए कहा कि समय पर किसानों को बीज उपलब्ध होंगे तभी उनको सही मायने में फायदा मिल सकेगा. उन्होंने खेतों की तारबंदी का टारगेट समय पर पूरा करने के निर्देश देते हुए कहा कि किसानों को सब्सिडी (Subsidy) पर मिलने वाले कृषि उपकरणों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है. खेतों में लगे पाईपलाईनों की क्वालिटी बेहतर होना जरूरी है. यही नहीं इनकी नियमित जांच की भी आवश्यकता है.

आधी कीमत पर हो रही है खेत की तैयारी

कटारिया ने कहा कि कि उर्वरकों की सप्लाई और वितरण सुचारू एवं पारदर्शी तरीके से किया जाए. राज्य में खुल रहे 29 राजकीय कृषि महाविद्यालयों के लिए जिला कलक्टरों एवं स्थानीय विधायकों से समन्वय कर भूमि आवंटन की कार्यवाही शीघ्र करें. उन्होंने कहा कि राज्य के किसान जल संरक्षण पर काफी जागरूक हो गए हैं और फार्म पौण्ड में विशेष रुचि ले रहे हैं. राज्य में खुले कस्टम हायरिंग केंद्रों से ट्रैक्टर किराये पर लेकर किसान आधी कीमत पर अपने खेतों में जुताई कर रहे हैं.

इसलिए जरूरी है खाद-बीज की पर्याप्त व्यवस्था

कृषि मंत्री ने कहा कि किसानों के हित के लिए चलाई जा रही योजनाओं में किसी प्रकार की कोताही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने कहा कि खरीफ की बुवाई शीघ्र होने वाली है, कई जिलों में अच्छी बारिश भी हो गई है. सभी किसान मॉनसून आते ही एक साथ काम पर लग जाएंगे. ऐसे में उन्हें मिलने वाले बीज एवं खाद की व्यवस्था जल्द से जल्द कर ली जाए.

यूरिया की कालाबाजारी न हो

समीक्षा बैठक में कृषि विभाग के प्रमुख शासन सचिव दिनेश कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे फ्री बीज मिनी किट्स का वितरण आगामी 7 दिन में पूरा किया जाना सुनिश्चित करें. ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए कि किसान अपनी समस्याएं किसान पोर्टल पर भी दर्ज करा सकें. उन्होंने कहा कि यूरिया को लेकर समय-समय पर औचक निरीक्षण किया जाना चाहिए ताकि इसकी कालाबाजारी न हो सके.

Similar Posts